जयराम महतो और पुलिस विवाद पर सीता सोरेन का बड़ा बयान

जयराम महतो-पुलिस विवाद में सीता सोरेन की एंट्री, बोलीं- ‘गुस्सा जायज है!’

क्राइम झारखंड/बिहार ताज़ा ख़बर विधानसभा चुनाव

जयराम महतो-पुलिस विवाद पर सीता सोरेन का बड़ा बयान, बोलीं- ‘जनप्रतिनिधियों का गुस्सा तंत्र की तानाशाही के खिलाफ’

झारखंड में डुमरी विधायक जयराम महतो और बरवाअड्डा पुलिस के बीच कथित हॉट-टॉक से जुड़ा ऑडियो वायरल होने के बाद अब भाजपा नेत्री सीता सोरेन की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने किसी व्यक्ति विशेष का नाम लिए बिना पुलिस-प्रशासन के रवैये पर सवाल उठाए और जनप्रतिनिधियों के आक्रोश को जायज बताया।

प्रमुख बातें

  • जयराम महतो और बरवाअड्डा पुलिस के बीच कथित बातचीत का ऑडियो वायरल होने का मामला।
  • सीता सोरेन ने ऑडियो की सत्यता की जांच की मांग की।
  • उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों का आक्रोश किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि तंत्र की तानाशाही के खिलाफ है।
  • पुलिस थानों में आम लोगों के साथ कथित दुर्व्यवहार और भ्रष्टाचार पर सवाल उठाया।
  • कोयला, बालू और गिट्टी की कथित तस्करी पर भी प्रशासन को घेरा।
  • सीता सोरेन ने भ्रष्ट और अहंकारी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की।

जयराम महतो-पुलिस विवाद पर सीता सोरेन की एंट्री

डुमरी विधायक जयराम महतो और बरवाअड्डा पुलिस के बीच कथित बातचीत का ऑडियो वायरल होने के बाद यह मामला राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है। इसी बीच भाजपा नेत्री सीता सोरेन ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर करते हुए पुलिस-प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
हालांकि, सीता सोरेन ने अपने बयान में जयराम महतो का नाम सीधे तौर पर नहीं लिया। उन्होंने कहा कि जब झारखंड में गरीब, शोषित और असहाय युवाओं पर प्रशासनिक तंत्र का अत्याचार बढ़ेगा, तब जनप्रतिनिधियों का आक्रोश सड़कों और बातचीत में दिखाई देगा।

‘जनप्रतिनिधियों का गुस्सा जायज’

सीता सोरेन ने कहा कि जनप्रतिनिधि का गुस्सा किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि तंत्र की तानाशाही के खिलाफ है। उन्होंने यह भी कहा कि वायरल ऑडियो की सत्यता की जांच होनी चाहिए।
उन्होंने अपने पोस्ट में कहा कि जनता के न्याय के लिए लड़ने वाले हर जनप्रतिनिधि के साथ वह खड़ी हैं। साथ ही उन्होंने भ्रष्ट और अहंकारी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई को जरूरी बताया।

थानों में दुर्व्यवहार और भ्रष्टाचार पर उठाए सवाल

भाजपा नेत्री ने राज्य की कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े किए। उनका आरोप है कि राज्य की जनता थानों में दुर्व्यवहार और भ्रष्टाचार झेलने को मजबूर है।
वहीं, उन्होंने कोयला, बालू और गिट्टी की कथित तस्करी का मुद्दा उठाते हुए कहा कि ऐसे तस्कर खुलेआम घूम रहे हैं। उन्होंने प्रशासन से अपनी प्राथमिकताएं बदलने की अपील की।

‘जनप्रतिनिधियों को दोष देकर जिम्मेदारी से नहीं भाग सकता प्रशासन’

सीता सोरेन ने कहा कि जनप्रतिनिधियों को दोष देकर प्रशासन अपनी जिम्मेदारियों से भाग नहीं सकता। उनके मुताबिक, शासन व्यवस्था में सुधार की जरूरत है और प्राथमिकता यह होनी चाहिए कि जनता को थानों में सम्मान और न्याय मिले तथा अवैध तस्करी पर कड़ा प्रहार किया जाए।
उन्होंने कहा कि शासन व्यवस्था को सुधारना ही एकमात्र विकल्प है।

वायरल ऑडियो की सत्यता जांच का विषय

जयराम महतो और बरवाअड्डा पुलिस के बीच कथित हॉट-टॉक से संबंधित ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। हालांकि, ऑडियो की स्वतंत्र रूप से सत्यता की पुष्टि इस खबर में नहीं की जा रही है। ऐसे में सीता सोरेन ने भी ऑडियो की सत्यता की जांच की जरूरत बताई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *