SIR 2026: ‘Unmapped’ वोटरों को लेकर भ्रम न फैलाएं, हर हस्ताक्षरित Enumeration Form जमा करने वाले पात्र मतदाता का नाम ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में होगा शामिल
रांची: झारखंड में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) 2026 को लेकर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) कार्यालय ने बड़ा स्पष्टीकरण जारी किया है। निर्वाचन आयोग ने कहा है कि कुछ नागरिक संगठन और मीडिया रिपोर्ट्स ‘Unmapped Voters’ (बिना मैपिंग वाले मतदाताओं) को लेकर भ्रामक और गलत जानकारी फैला रहे हैं। आयोग ने स्पष्ट किया कि केवल ‘Unmapped’ होने के आधार पर किसी पात्र भारतीय नागरिक का नाम मतदाता सूची से नहीं हटाया जाएगा।
प्रमुख बातें
- निर्वाचन आयोग ने Unmapped वोटरों को लेकर भ्रम दूर किया
- हस्ताक्षरित Enumeration Form जमा करने वाले सभी पात्र मतदाता ड्राफ्ट सूची में शामिल होंगे
- 5 अगस्त 2026 को प्रकाशित होगी ड्राफ्ट मतदाता सूची
- नाम हटाने से पहले नोटिस और सुनवाई अनिवार्य
- गैर-भारतीय नागरिकों और पांच विशेष श्रेणियों पर ही होगी कार्रवाई
- BLO, BLA-2 और राजनीतिक दलों की निगरानी में चल रही है पूरी प्रक्रिया
क्या कहा निर्वाचन आयोग ने?
निर्वाचन आयोग ने कहा कि SIR 2026 पूरी तरह पारदर्शी, सहभागी और चरणबद्ध प्रक्रिया है। इसका उद्देश्य मतदाता सूची को अद्यतन करना है, न कि पात्र मतदाताओं के नाम हटाना।
आयोग के अनुसार, वर्ष 2026 की मतदाता सूची में शामिल प्रत्येक मौजूदा मतदाता को BLO द्वारा आंशिक रूप से भरा हुआ Enumeration Form उपलब्ध कराया जा रहा है। यदि कोई पात्र मतदाता निर्धारित समय के भीतर हस्ताक्षरित फॉर्म BLO को जमा कर देता है, तो उसका नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा।

नाम हटाने से पहले मिलेगी सुनवाई
निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया कि यदि किसी मतदाता का नाम ड्राफ्ट सूची में शामिल हो जाता है, तो उसे बिना नोटिस दिए और निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (ERO) अथवा सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (AERO) द्वारा सुनवाई किए बिना हटाया नहीं जा सकता।
किन मतदाताओं को दस्तावेज देने की जरूरत नहीं?
आयोग के अनुसार, जिन मतदाताओं की स्वयं (Self) और माता-पिता (Parent) की मैपिंग सही पाई जाएगी तथा जिन्होंने हस्ताक्षरित Enumeration Form जमा कर दिया है, उन्हें सामान्य स्थिति में अतिरिक्त दस्तावेज जमा करने की आवश्यकता नहीं होगी।
यदि किसी मतदाता की मैपिंग अधूरी या त्रुटिपूर्ण है, तब भी उसका नाम ड्राफ्ट सूची में शामिल किया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर बाद में ERO दस्तावेज उपलब्ध कराने के लिए नोटिस जारी कर सकते हैं।

केवल इन पांच श्रेणियों के नाम नहीं होंगे ड्राफ्ट सूची में
निर्वाचन आयोग ने बताया कि ड्राफ्ट मतदाता सूची में निम्नलिखित पांच श्रेणियों के मतदाताओं के नाम शामिल नहीं किए जाएंगे—
- डुप्लीकेट (एक से अधिक स्थान पर पंजीकृत)
- मृत मतदाता
- स्थायी रूप से स्थानांतरित मतदाता
- अनुपस्थित अथवा अज्ञात मतदाता
- हस्ताक्षर करने से इनकार करने वाले गैर-भारतीय नागरिक
इन सभी की सूची ASDD (Absent, Shifted, Dead, Duplicate) सूची के रूप में अलग से प्रकाशित की जाएगी।
Unmapped वोटरों की सूची पहले ही की जा चुकी है सार्वजनिक
निर्वाचन आयोग के अनुसार—
- 23 मई 2026 को सभी मतदान केंद्रों पर Unmapped मतदाताओं की सूची प्रकाशित की गई।
- सभी BLO को इसकी मुद्रित प्रति उपलब्ध कराई गई।
- 29 मई 2026 को सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को सूची की सॉफ्ट कॉपी दी गई।
- यही सूची CEO की वेबसाइट पर भी सर्च योग्य (Searchable) प्रारूप में उपलब्ध कराई गई है।
SIR प्रक्रिया में कैसे हो रही है निगरानी?
निर्वाचन आयोग ने बताया कि पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए कई स्तरों पर निगरानी की जा रही है।
- BLO घर-घर जाकर Enumeration Form वितरित और संग्रहित कर रहे हैं।
- BLA-2 और राजनीतिक दल प्रक्रिया की निगरानी कर रहे हैं।
- Volunteers Unmapped मतदाताओं की मैपिंग में सहायता कर रहे हैं।
- ECINET ऐप के माध्यम से मतदाता ऑनलाइन भी फॉर्म जमा कर सकते हैं।
- QR आधारित व्यक्तिगत Enumeration Form से पूरी प्रक्रिया का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जा रहा है।
अफवाहों से सावधान रहने की अपील
निर्वाचन आयोग ने कहा कि यह कहना गलत है कि सभी Unmapped मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए जाएंगे।
आयोग ने दोहराया कि जो भी पात्र भारतीय नागरिक निर्धारित समय के भीतर हस्ताक्षरित Enumeration Form जमा करेगा, उसका नाम 5 अगस्त 2026 को प्रकाशित होने वाली ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा, चाहे उसकी पिछली SIR से मैपिंग हुई हो या नहीं।

