रांची में 16 सेवानिवृत्त शिक्षक-कर्मचारियों को मिला सम्मान, रिटायरमेंट के दिन ही दिए गए पेंशन लाभ
रांची में जिला प्रशासन की ओर से पेंशन दरबार सह सेवानिवृत्ति विदाई सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इसमें 16 सेवानिवृत्त शिक्षक एवं कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने सभी को शुभकामनाएं देते हुए उनके योगदान की सराहना की।
प्रमुख बातें
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रांची समाहरणालय के ब्लॉक-ए में आयोजित हुआ पेंशन दरबार सह सम्मान समारोह।
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16 सेवानिवृत्त शिक्षक एवं कर्मचारियों को किया गया सम्मानित।
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जिला प्रशासन के अनुसार, सेवानिवृत्ति के दिन ही सभी लाभ उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
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लगातार 22 महीनों से नियमित रूप से आयोजित हो रहा है शिक्षक सम्मान समारोह।
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उपायुक्त ने सेवानिवृत्त शिक्षकों से समाज और युवा पीढ़ी का मार्गदर्शन जारी रखने की अपील की।
22 महीनों से नियमित हो रहा है शिक्षक सम्मान समारोह
जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री की अध्यक्षता में शनिवार को रांची समाहरणालय भवन के ब्लॉक-ए में पेंशन दरबार सह सेवानिवृत्ति विदाई सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान जिले के सेवानिवृत्त शिक्षकों और कर्मचारियों को सम्मानित किया गया।
उपायुक्त ने सेवानिवृत्त शिक्षकों का स्वागत करते हुए कहा कि शिक्षक सम्मान सह सेवानिवृत्ति दरबार पिछले 22 महीनों से लगातार आयोजित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य उन शिक्षकों के योगदान को सम्मान देना है, जिन्होंने वर्षों तक बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण और समाज के भविष्य को संवारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्त शिक्षकों को सम्मानित करना जिला प्रशासन के लिए गर्व और खुशी की बात है।

रिटायरमेंट के दिन ही मिल रहे हैं सेवानिवृत्ति के लाभ
उपायुक्त ने बताया कि रांची जिले में सेवानिवृत्त कर्मचारियों को उनके सभी देय लाभ सेवानिवृत्ति के दिन ही उपलब्ध कराए जा रहे हैं। समारोह में शामिल सभी सेवानिवृत्त शिक्षकों एवं कर्मचारियों को भी उनके सेवानिवृत्ति लाभ तत्काल उपलब्ध कराए गए।
इस व्यवस्था के लिए उन्होंने जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक और शिक्षा विभाग की पूरी टीम की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था पूरे राज्य में एक अलग पहल है और रांची जिले में नियमित रूप से संचालित हो रही है।

सेवानिवृत्ति को जीवन का नया पड़ाव मानें: उपायुक्त
सेवानिवृत्त शिक्षकों को संबोधित करते हुए मंजूनाथ भजंत्री ने कहा कि 30 से 35 वर्षों की सेवा के बाद जीवन का एक नया चरण शुरू होता है। इसे केवल सेवानिवृत्ति नहीं, बल्कि जीवन के नए पड़ाव के रूप में देखना चाहिए।
उन्होंने शिक्षकों से अपने स्वास्थ्य के लिए प्रतिदिन कम से कम एक घंटा निकालने की अपील की। साथ ही कहा कि अब उनके पास परिवार और समाज के लिए समय देने का अवसर है। अपने लंबे अनुभव का उपयोग बच्चों और समाज के मार्गदर्शन में भी करना चाहिए।

मोबाइल के बढ़ते इस्तेमाल पर जताई चिंता
उपायुक्त ने युवा पीढ़ी में मोबाइल के बढ़ते इस्तेमाल पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि युवा मोबाइल पर अधिक समय बिता रहे हैं, जिसका उनके जीवन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। सेवानिवृत्त शिक्षक युवाओं का मार्गदर्शन करें और उन्हें जागरूक बनाएं।
उन्होंने शिक्षकों से समाज के वंचित और शोषित वर्ग के बच्चों को शिक्षित करने तथा बेहतर समाज के निर्माण में अपना योगदान जारी रखने की अपील की।

ये 16 शिक्षक-कर्मचारी हुए सम्मानित
समारोह में निम्नलिखित सेवानिवृत्त शिक्षक एवं कर्मचारियों को सम्मानित किया गया:
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ठाकुर दास महतो – सहायक प्रशासनिक पदाधिकारी, अंचल कार्यालय, नामकुम।
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मो. अब्दुल मतीन – स्नातक प्रशिक्षित शिक्षक (उर्दू), राजकीय +2 उच्च विद्यालय, सोराई, मांडर।
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देवी प्रसाद मुखर्जी – सहायक शिक्षक, राजकीय मध्य विद्यालय, हरिजन, तमाड़।
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देव कुमारी रीता – सहायक शिक्षिका, राजकीय प्राथमिक विद्यालय, इतिहासा, सिल्ली।
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शिव शंकर महतो – सहायक शिक्षक, राजकीय मध्य विद्यालय, पपरिदा, सोनाहातू।
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सविता मिंज – सहायक शिक्षिका, राजकीय मध्य विद्यालय, बोड़ेया, कांके।
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मीना प्रसाद – सहायक शिक्षिका, राजकीय मध्य विद्यालय, जगन्नाथपुर, रांची-2।
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सुधीर लकड़ा – सहायक शिक्षक, राजकीय मध्य विद्यालय, बंधुवा, नामकुम।
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महेश्वर गुण्डा – सहायक शिक्षक, राजकीय उच्चतर उत्क्रमित विद्यालय, हेसातु, अनगड़ा।
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ओडिल ग्रेस कुल्लू – सहायक शिक्षिका, राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय, दुण्डूल, नगड़ी।
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शिलवन्ती लिग्गा – सहायक शिक्षिका, राजकीय मध्य विद्यालय, सारले, बुढ़मू।
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उदय प्रताप सिंह – सहायक शिक्षक, राजकीय मध्य विद्यालय, डकरा, खलारी।
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अन्विता मिश्रा – सहायक शिक्षिका, बी.एस.भी. मध्य विद्यालय, निवारणपुर, रांची।
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मरियम तिग्गा – सहायक शिक्षिका, कुलदीप मध्य विद्यालय, डोरंडा, रांची-2।
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हुलाशी कन्जुलना – सहायक शिक्षिका, जी.ई.एल. चर्च मध्य विद्यालय, अमलेशा, तमाड़।
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सीमा भौमिक – सहायक शिक्षिका, डोरंडा बालिका मध्य विद्यालय, डोरंडा।
ये अधिकारी रहे मौजूद
समारोह में अनुमंडल पदाधिकारी सदर रांची कुमार रजत, अपर जिला दंडाधिकारी (विधि-व्यवस्था) धनंजय, जिला शिक्षा पदाधिकारी मो. वसीम, जिला शिक्षा अधीक्षक बादल राज सहित जिला शिक्षा अधीक्षक कार्यालय के कर्मी उपस्थित थे।
