🔹 मुख्य बिंदु (Major Points):
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आजसू प्रमुख सुदेश महतो ने शहीद रघुनाथ महतो को दी श्रद्धांजलि
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चुआड़ विद्रोह को छोटानागपुर का पहला जनविद्रोह बताया
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रघुनाथ महतो को सभी जातियों को जोड़ने वाला बताया
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शहीद के आदमकद प्रतिमा पर ग्रामीणों के साथ माल्यार्पण
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उनके परिचय को व्यापक स्तर पर पहुंचाने का संकल्प दोहराया
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कई प्रमुख नेता व स्थानीय लोग श्रद्धांजलि समारोह में रहे उपस्थित
📰 शहीद रघुनाथ महतो की विरासत को जन-जन तक पहुंचाना प्राथमिकता : सुदेश महतो
चुआड़ विद्रोह छोटानागपुर का पहला संगठित आंदोलन
रांची जिले के सिल्ली क्षेत्र अंतर्गत बुढ़ाम गांव में आयोजित शहीद रघुनाथ महतो बलिदान दिवस समारोह में आजसू पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश महतो ने कहा कि “चुआड़ विद्रोह छोटानागपुर क्षेत्र का पहला संगठित विद्रोह था।” इस विद्रोह के नायक वीर रघुनाथ महतो ने अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ बिगुल फूंका और अनेक जातियों को संगठित किया।
रघुनाथ महतो ने अनेक जातियों को किया गोलबंद
सुदेश महतो ने कहा कि इस विद्रोह में कुड़मी समाज के साथ-साथ संथाल, भूमिज, बाउरी और अन्य पिछड़ी जातियों को भी रघुनाथ महतो ने एकजुट किया था। उनका बलिदान आज़ादी की लड़ाई में अमूल्य योगदान के रूप में इतिहास में दर्ज है।
प्रतिमा पर माल्यार्पण कर दी श्रद्धांजलि
समारोह के दौरान शहीद की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। सुदेश महतो ने कहा कि उनकी पार्टी का लक्ष्य है कि रघुनाथ महतो के शौर्य और बलिदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाया जाए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आने वाले समय में उनके परिचय को व्यापक रूप में स्थापित करना प्राथमिकता होगी।
रघुनाथ महतो की जीवनी से प्रेरणा लें नई पीढ़ी
सुदेश महतो ने कहा कि “रघुनाथ महतो का जीवन हमें सिखाता है कि अन्याय और शोषण के खिलाफ डटकर खड़ा होना चाहिए। आने वाली पीढ़ियों को उनकी गाथा से प्रेरणा लेनी चाहिए।”
समारोह में शामिल हुए कई प्रमुख चेहरे
इस अवसर पर केंद्रीय संगठन सचिव जयपाल सिंह, सिल्ली प्रखंड प्रमुख जितेंद्र बड़ाइक, प्रो. श्रीकांत महतो, वैज्ञानिक रतन महतो सहित कई सामाजिक व राजनीतिक कार्यकर्ता मौजूद थे।
