JPSC-JSSC विवाद: सुदेश महतो ने सरकार की नीयत पर उठाए सवाल, बोले- CID जांच सिर्फ दिखावा
मुख्य बातें
- सुदेश महतो ने JPSC-JSSC में व्यापक सुधार की मांग उठाई।
- CID जांच की प्रभावशीलता पर सवाल, कहा- जांच सिर्फ दिखावा बनकर रह गई है।
- सिर्फ पूर्व अध्यक्ष पर कार्रवाई नहीं, पूरे तंत्र की जांच की मांग।
- भर्ती प्रक्रिया रोकने पर सरकार से मांगा स्पष्ट जवाब।
- AJSU ने छात्रों के आंदोलन को खुला समर्थन देने का ऐलान किया।
रांची: JPSC-JSSC को लेकर सरकार पर सुदेश महतो का तीखा हमला
झारखंड में JPSC और JSSC को लेकर जारी विवाद के बीच AJSU प्रमुख सुदेश महतो ने हेमंत सोरेन सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि आयोगों में सुधार की बात तो की जा रही है, लेकिन सरकार की नीयत सुधार करने की नहीं दिख रही है। उनके अनुसार, यदि सरकार वास्तव में पारदर्शिता चाहती, तो जांच और जवाबदेही दोनों में तेजी दिखाई देती।
CID जांच पर उठाए सवाल, कहा- नतीजे कहां हैं?
सुदेश महतो ने JPSC मामले की CID जांच को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अब तक CID ने कितने मामलों की जांच पूरी की है, यह रिकॉर्ड खुद बताता है कि प्रक्रिया अपेक्षित गति से आगे नहीं बढ़ रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जांच को आगे बढ़ाने के बजाय उसे CID को सौंपकर अपनी जिम्मेदारी से बचने की कोशिश कर रही है। हालांकि, उन्होंने किसी ठोस दस्तावेज या आंकड़े का हवाला नहीं दिया।
‘सिर्फ पूर्व अध्यक्ष पर कार्रवाई से नहीं निकलेगा समाधान’
सुदेश महतो का कहना है कि केवल JPSC के पूर्व अध्यक्ष पर कार्रवाई कर देने से पूरा मामला खत्म नहीं हो जाता। उन्होंने मांग की कि आयोग से जुड़े पूरे तंत्र की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और यदि किसी भी स्तर पर अनियमितता हुई है तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
साथ ही उन्होंने JPSC और JSSC में कार्यरत जिम्मेदार अधिकारियों को हटाकर नई व्यवस्था लागू करने की मांग भी दोहराई।
भर्ती प्रक्रिया पर सरकार से मांगा स्पष्ट जवाब
इसके अलावा सुदेश महतो ने भर्ती प्रक्रिया को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने सवाल किया कि क्या जांच के नाम पर छह महीने या एक साल तक नियुक्तियां रोक दी जाएंगी?
उन्होंने कहा कि यदि जांच जारी है, तो सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि भर्ती प्रक्रिया का भविष्य क्या होगा। उनके अनुसार, लंबे समय तक नियुक्तियां रुकीं तो इसका सबसे बड़ा नुकसान झारखंड के युवाओं को होगा।
‘सरकार सामने आए, जवाबदेही तय करे’
सुदेश महतो ने कहा कि सरकार इस मुद्दे पर चुप नहीं रह सकती। उनके मुताबिक, सरकार को सार्वजनिक रूप से अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए और युवाओं के सवालों का जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि पारदर्शिता केवल बयान देने से नहीं, बल्कि ठोस कार्रवाई से साबित होती है।
JPSC आंदोलन पर JMM का हमला, भाजपा पर छात्रों के नाम पर राजनीति का आरोप
छात्रों के आंदोलन के समर्थन में AJSU
अंत में सुदेश महतो ने कहा कि AJSU पार्टी छात्रों के आंदोलन के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने कहा कि छात्र जिस प्रकार का सहयोग चाहेंगे, पार्टी उन्हें हरसंभव सहायता देने के लिए तैयार है।
क्या है मामला?
JPSC और JSSC की परीक्षाओं एवं भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर पिछले कुछ समय से अभ्यर्थियों के बीच पारदर्शिता और निष्पक्षता को लेकर सवाल उठते रहे हैं। इसी मुद्दे पर विभिन्न छात्र संगठन और राजनीतिक दल सरकार से जवाबदेही तथा सुधार की मांग कर रहे हैं। वहीं, सरकार की ओर से समय-समय पर जांच और आवश्यक कार्रवाई की बात कही जाती रही है।
