माध्यमिक आचार्य नियुक्ति 2025: हाईकोर्ट का बड़ा आदेश, विशेष शिक्षा के 3 पद रहेंगे सुरक्षित
रांची: माध्यमिक आचार्य संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा-2025 (विज्ञापन संख्या 02/2025) से जुड़े मामले में झारखंड हाईकोर्ट से अभ्यर्थियों को अंतरिम राहत मिली है। उच्च न्यायालय की एकलपीठ ने विशेष शिक्षा (Special Education) विषय के 3 पद याचिकाकर्ताओं के लिए सुरक्षित (Reserved) रखने का अंतरिम आदेश दिया है। यह आदेश अंतिम निर्णय तक प्रभावी रहेगा।
प्रमुख बातें
झारखंड हाईकोर्ट ने विशेष शिक्षा विषय के 3 पद सुरक्षित रखने का अंतरिम आदेश दिया।
मामला माध्यमिक आचार्य नियुक्ति विज्ञापन संख्या 02/2025 से जुड़ा है।
अभ्यर्थियों ने उत्तर कुंजी में बड़ी संख्या में त्रुटियों का आरोप लगाया।
आयोग पर समय पर दर्ज आपत्तियों पर समुचित विचार नहीं करने का आरोप।
अंतिम सुनवाई तक याचिकाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का निर्देश।
उत्तर कुंजी में त्रुटि का आरोप
याचिकाकर्ताओं का कहना है कि परीक्षा में करीब 120 ऐसे प्रश्न थे, जिनके उत्तर उन्होंने सही दिए थे, लेकिन झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) द्वारा जारी उत्तर कुंजी में उन्हें गलत माना गया। उनका आरोप है कि इससे उनके प्राप्तांक और परिणाम पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा।
आयोग पर आपत्तियों की अनदेखी का आरोप
याचिका में यह भी कहा गया कि अभ्यर्थियों ने निर्धारित समय सीमा के भीतर संबंधित प्रश्नों पर विधिवत आपत्तियां दर्ज कराई थीं। इसके बावजूद आयोग ने उन आपत्तियों पर समुचित विचार किए बिना अंतिम उत्तर कुंजी प्रकाशित कर दी। इसी आधार पर अभ्यर्थियों ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया।
हाईकोर्ट ने दिया अंतरिम संरक्षण
मामले की गंभीरता को देखते हुए झारखंड हाईकोर्ट के माननीय न्यायमूर्ति दीपक रोशन की एकलपीठ ने अंतरिम राहत प्रदान करते हुए निर्देश दिया कि विशेष शिक्षा विषय के 3 पद अंतिम निर्णय तक सुरक्षित रखे जाएं, ताकि याचिकाकर्ताओं के अधिकार प्रभावित न हों।
याचिकाकर्ताओं की ओर से रखा गया पक्ष
याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता श्री शुभम मिश्रा ने न्यायालय में पक्ष रखते हुए उत्तर कुंजी में कथित त्रुटियों और अभ्यर्थियों द्वारा दर्ज कराई गई आपत्तियों की अनदेखी का मुद्दा उठाया। इसके बाद न्यायालय ने मामले पर अंतरिम आदेश पारित किया।

