झारखंड में मतदाता सूची पुनरीक्षण की नई समय-सारणी जारी, 30 नवंबर को होगा अंतिम प्रकाशन
रांची। राज्य में चल रहे मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्य को पूरा करने के लिए भारत निर्वाचन आयोग ने संशोधित समय-सारणी जारी की है। राज्य के सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों की ओर से अतिरिक्त समय की मांग किए जाने के बाद आयोग ने पुनरीक्षण कार्यों के लिए नई समय-सीमा निर्धारित की है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को तय समय के भीतर लंबित कार्यों का निस्तारण करने का निर्देश दिया है।
प्रमुख बातें
- 22 अक्टूबर तक नो-मैपिंग और लॉजिकल डिस्क्रेपेंसी से जुड़े प्रथम व द्वितीय नोटिस का निस्तारण
- 31 अक्टूबर तक सत्यापन, होम विजिट और नॉन-नोटिस मामलों की कार्रवाई पूरी होगी
- 31 अक्टूबर तक फॉर्म-6, 6A, 7 और 8 के दावों-आपत्तियों का डिजिटाइजेशन
- 1 से 12 नवंबर तक छूटे पात्र नागरिकों के फॉर्म-6 का सत्यापन और डिजिटाइजेशन
- 23 नवंबर तक सभी दावों और आपत्तियों का निस्तारण
- 30 नवंबर 2026 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन
22 अक्टूबर तक पहले और दूसरे नोटिस का निस्तारण
संशोधित कार्यक्रम के अनुसार 22 अक्टूबर 2026 तक नो-मैपिंग और लॉजिकल डिस्क्रेपेंसी से संबंधित प्रथम एवं द्वितीय नोटिस का निस्तारण किया जाएगा।
इसके बाद 31 अक्टूबर तक उन मतदाताओं का सत्यापन और बीएलओ द्वारा होम विजिट से संबंधित कार्रवाई पूरी की जाएगी, जिन्होंने द्वितीय नोटिस के बाद भी आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए हैं। इसी अवधि में अन्य श्रेणी के सभी नॉन-नोटिस मामलों का भी निस्तारण किया जाएगा।
फॉर्म-6, 6A, 7 और 8 का होगा डिजिटाइजेशन
निर्वाचन आयोग की संशोधित समय-सारणी के मुताबिक 31 अक्टूबर 2026 तक फॉर्म-6, फॉर्म-6A, फॉर्म-7 और फॉर्म-8 से संबंधित सभी दावों एवं आपत्तियों का डिजिटाइजेशन पूरा करना होगा।
वहीं, 1 से 12 नवंबर तक छूटे हुए पात्र नागरिकों के फॉर्म-6 का होम-टू-रोल सत्यापन और डिजिटाइजेशन किया जाएगा।
नोटिसों की होगी सुपर चेकिंग
1 से 21 नवंबर 2026 तक निस्तारित किए गए सभी नोटिसों की जांच और सुपर चेकिंग की जाएगी। यह जांच जिला निर्वाचन पदाधिकारी (DEO), रोल ऑब्जर्वर और मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी स्तर पर की जाएगी।
इसके साथ ही 1 से 23 नवंबर तक ECINET में नोशनल हाउस नंबर, नजरी नक्शा, की-मैप, गूगल मैप और मतदान केंद्रों की तस्वीरों को अपडेट किया जाएगा।
23 नवंबर तक दावों और आपत्तियों का निस्तारण
संशोधित कार्यक्रम के अनुसार मतदाता सूची से संबंधित सभी दावों एवं आपत्तियों का निस्तारण 23 नवंबर 2026 तक पूरा करना होगा।
इसके बाद 24 से 29 नवंबर तक मतदाता सूची से प्राप्त आंकड़ों और निर्धारित मानकों की जांच की जाएगी। अंतिम प्रकाशन एवं मतदाता सूची की छपाई के लिए भारत निर्वाचन आयोग से अनुमति प्राप्त करने की प्रक्रिया भी इसी अवधि में पूरी की जाएगी।
30 नवंबर को अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन
निर्वाचन आयोग की संशोधित समय-सारणी के मुताबिक 30 नवंबर 2026 को झारखंड की मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि सभी लंबित मामलों का समयबद्ध तरीके से निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही पात्र नागरिकों के दावों और आपत्तियों पर नियमानुसार कार्रवाई करते हुए मतदाता सूची को त्रुटिरहित और अद्यतन बनाने की दिशा में काम किया जाए।
निर्देश में यह भी कहा गया है कि कोई भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से छूटे नहीं और कोई भी अपात्र अथवा विदेशी व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल न हो।
