बाबूलाल मरांडी का राहुल गांधी पर निशाना, कहा- “हाइड्रोजन बम फुस्स साबित, जनादेश का सम्मान करना सीखें कांग्रेस”
मुख्य बिंदु-
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बाबूलाल मरांडी ने राहुल गांधी के “हाइड्रोजन बम” बयान को पूरी तरह फुस्स बताया।
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कांग्रेस पर संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर करने और अराजकता फैलाने का आरोप।
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राहुल गांधी को मरांडी ने विदेशी शक्तियों की कठपुतली करार दिया।
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चुनाव प्रबंधन को सतत और पारदर्शी प्रक्रिया बताया।
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कांग्रेस को जनादेश का सम्मान करने और जिम्मेदार विपक्ष बनने की नसीहत।
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रांची। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर करारा हमला बोला है। सोशल मीडिया पर जारी संदेश में मरांडी ने कहा कि राहुल गांधी का कथित “हाइड्रोजन बम” पूरी तरह फुस्स साबित हुआ है। जनता का विश्वास खो चुकी कांग्रेस अब संवैधानिक संस्थाओं और लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं पर सवाल उठाकर अराजकता फैलाने की कोशिश कर रही है।
राहुल गांधी का आरोप: कर्नाटक में मतदाता सूची से 6,000 से अधिक वोट डिलीट.
मरांडी ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी विदेशी शक्तियों के हाथ की कठपुतली बन चुके हैं और उनके नापाक मंसूबे कभी सफल नहीं होंगे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी की हालत “खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे” जैसी हो गई है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने आगे कहा कि चुनाव प्रबंधन कोई एक दिन का काम नहीं बल्कि एक सतत प्रक्रिया है। हर चुनाव से पहले मतदाता सूची का अद्यतन किया जाता है, जिसमें नए मतदाताओं का पंजीकरण, मृत व्यक्तियों के नाम हटाना और दोहरे पंजीकरण को रद्द करना शामिल है। ये सारी प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और सार्वजनिक होती है।
मरांडी ने राहुल गांधी को नसीहत देते हुए कहा कि या तो वे इन बुनियादी प्रक्रियाओं को समझना नहीं चाहते, या फिर उनमें लोकतंत्र की परिपक्व समझ नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को अब यह समझना चाहिए कि जनादेश का सम्मान करना ही लोकतंत्र की असली ताकत है।
मरांडी ने कांग्रेस पर दोहरे रवैये का आरोप लगाते हुए कहा कि जब कांग्रेस चुनाव जीतती है तो सब कुछ ठीक होता है, लेकिन हार की स्थिति में वे असंतोष फैलाकर संस्थाओं को कमजोर करने का काम करते हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि कांग्रेस को जनादेश का अपमान छोड़कर पार्टी को मजबूत बनाने, जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका निभाने, विनम्रता विकसित करने और सुधार की दिशा में काम करना चाहिए।
