पहलगाम आतंकी हमले के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सऊदी अरब दौरा बीच में छोड़ा, तत्काल भारत लौटे
हमले के बाद प्रधानमंत्री ने सुरक्षा स्थिति की समीक्षा शुरू की
कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले ने देश की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस हमले के तुरंत बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सऊदी अरब की आधिकारिक यात्रा बीच में छोड़ स्वदेश लौट आए हैं। उनके अचानक लौटने को इस घटना की गंभीरता से जोड़कर देखा जा रहा है।

सुरक्षा एजेंसियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक
प्रधानमंत्री के दिल्ली पहुंचते ही उन्होंने वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारियों, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के साथ तत्काल बैठक की। इस बैठक में हमले की विस्तृत जानकारी ली गई और स्थिति पर गहन समीक्षा की गई। प्रारंभिक रिपोर्ट्स के अनुसार, हमले में सुरक्षाबलों को लक्ष्य बनाया गया था।
विदेश नीति पर असर डाल सकता है अचानक वापसी
प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा भारत-सऊदी द्विपक्षीय संबंधों के लिहाज़ से अहम माना जा रहा था। ऊर्जा, निवेश और रणनीतिक सहयोग पर कई उच्चस्तरीय बैठकें तय थीं। लेकिन आतंकी हमले की वजह से यात्रा का अचानक समापन न केवल भारत में, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी एक बड़ा संदेश देता है कि भारत अपनी आंतरिक सुरक्षा को सर्वोपरि मानता है।
हमले के पीछे पाक समर्थित गुटों की आशंका
सूत्रों के मुताबिक, इस हमले में पाकिस्तान समर्थित आतंकवादी संगठनों की भूमिका की आशंका जताई जा रही है। सुरक्षा एजेंसियों को पहलगाम और आसपास के क्षेत्रों में सक्रिय नेटवर्क को ध्वस्त करने का निर्देश दिया गया है। सेना और पुलिस द्वारा सर्च ऑपरेशन भी तेज कर दिए गए हैं।
देशभर में अलर्ट, विशेष रूप से उत्तर भारत में निगरानी बढ़ी
हमले के बाद विशेष रूप से जम्मू-कश्मीर, दिल्ली, पंजाब और उत्तर प्रदेश में सुरक्षा बलों की गश्त बढ़ा दी गई है। प्रमुख धार्मिक स्थलों, रेलवे स्टेशनों और हवाई अड्डों पर निगरानी बढ़ाई गई है।
आतंकवाद के खिलाफ भारत का रुख सख्त
प्रधानमंत्री मोदी की त्वरित वापसी यह स्पष्ट करती है कि आतंकवाद से निपटने में भारत किसी भी स्तर की लापरवाही नहीं करेगा। सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं और आने वाले दिनों में कड़ी कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है।
