जमीन विवाद और भ्रष्टाचार पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि, राज्य में जमीन विवाद और दाखिल-खारिज प्रक्रिया में भ्रष्टाचार की शिकायतें लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने अंचल कार्यालयों में फैले भ्रष्टाचार पर रोक लगाने और इसमें शामिल अधिकारियों, कर्मियों और जमीन दलालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही, जमीन के डिजिटाइजेशन में फर्जीवाड़े पर चिंता जताते हुए इसे नियंत्रित करने के लिए ठोस कदम उठाने को कहा।
महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री ने पोक्सो एक्ट, घरेलू हिंसा, यौन उत्पीड़न, ह्यूमन ट्रैफिकिंग और पलायन जैसे मामलों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि:
- महिलाओं की सुरक्षा के लिए सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।
- स्कूल और कॉलेज में जागरूकता अभियान चलाए जाएं।
- ग्रामीण और शहरी इलाकों में पुलिस की सघन पेट्रोलिंग की जाए।
- शिकायतों और प्राथमिकी की निष्पक्ष जांच हो और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।
पलायन पर नियंत्रण और मॉनिटरिंग की व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य से पलायन की समस्या पर नियंत्रण के लिए मॉनिटरिंग सिस्टम बनाया जाए। उन्होंने सुझाव दिया कि पलायन करने वालों के लिए एक निबंधन प्रणाली शुरू की जाए, जिससे वे सरकार की योजनाओं का लाभ उठा सकें।
राज्य सेवाओं के लिए इंटीग्रेटेड ऐप विकसित करने के निर्देश
मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की सेवाओं और हेल्पलाइन नंबरों को एकीकृत करने के लिए एक ऐप बनाने के निर्देश दिए। इस ऐप का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए ताकि लोग इसका उपयोग कर सकें।
हर महीने महिला हिंसा मामलों की रिपोर्टिंग जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि महिला हिंसा से जुड़े मामलों में दर्ज शिकायतों और उस पर हुई कार्रवाई की हर महीने रिपोर्ट तैयार की जानी चाहिए। इससे मामलों की निगरानी और समाधान में सुधार होगा।
