सिर्फ मेला नहीं, एक पूरी सामाजिक व्यवस्था थी ‘जतरा’… अब क्या बचा है?

क्या खत्म हो रही है आदिवासी जतरा? निशा उरांव की पोस्ट ने संस्कृति और पहचान पर छेड़ी बड़ी बहस रांची- आदिवासी समाज की पहचान मानी जाने वाली “जतरा” परंपरा एक बार फिर चर्चा में है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रामेश्वर उरांव की सुपुत्री और IRS अधिकारी निशा उरांव द्वारा सोशल मीडिया पर साझा की गई … Continue reading सिर्फ मेला नहीं, एक पूरी सामाजिक व्यवस्था थी ‘जतरा’… अब क्या बचा है?