प्रमुख बातें
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रांची जिले के स्नातक प्रशिक्षित शिक्षकों को ग्रेड 4 में प्रोन्नति लंबित, मामला दिसंबर 2024 से जारी
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कई बार औपबंधिक वरीयता सूचियां जारी, फिर भी प्रोन्नति नहीं मिली
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जिला शिक्षा अधीक्षक पर प्रोन्नति प्रक्रिया उलझाने और दिखावा करने का आरोप
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शिक्षक वर्ग में आक्रोश, न्यायालय में भी कई मामले लंबित
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नवीन मास्टर सूची में 1700 से अधिक शिक्षकों के नाम, लेकिन आशाएं टूटने लगीं
रांची में ग्रेड 4 में प्रोन्नति विवाद बना शिक्षक वर्ग के लिए चिंता का विषय
रांची जिले के प्राथमिक और मध्य विद्यालयों के स्नातक प्रशिक्षित शिक्षकों को ग्रेड 4 में प्रोन्नति देने का मामला दिसंबर 2024 से लंबित है। इस बीच, कई बार औपबंधिक वरीयता सूचियों के प्रारूप जारी किए गए, लेकिन अब तक पदोन्नति प्रक्रिया में कोई ठोस प्रगति नहीं हुई है। अखिल झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रदेश मुख्य प्रवक्ता नसीम अहमद ने बताया कि शनिवार को फिर एक नई सूची जारी हुई है, जिससे शिक्षकों की उम्मीदों पर पानी फिर गया है।
प्रोन्नति प्रक्रिया में लंबित संशोधन और उलझन
नसीम अहमद के अनुसार, प्रोन्नति देने के लिए पिछले सात-आठ महीनों से जोड़-घटाव चल रहा है, जो केवल दिखावा है। इसके कारण शिक्षकों में निराशा और आक्रोश गहरा रहा है। वह बताते हैं कि जिला शिक्षा अधीक्षक रांची प्रोन्नति को लेकर केवल खानापूर्ति कर रहे हैं और मामले को जानबूझकर उलझा रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप शिक्षक समुदाय में तनाव बढ़ता जा रहा है और वे संगठित होकर आगे के आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं।
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न्यायालय में लंबित मामले और आश्वासन के बावजूद जमी स्थिति
प्रवक्ता ने यह भी बताया कि प्रोन्नति के लिए कई शिक्षक न्यायालय का दरवाजा भी खटखटा चुके हैं, लेकिन अभी कई मामले लंबित हैं। अधिकारी बार-बार आश्वासन देते हैं कि अप्रैल या मई माह तक प्रोन्नति कर दी जाएगी, लेकिन अभी तक किसी भी पहल का असर नहीं दिखा है। इससे पहले जिले में ग्रेड 7, ग्रेड 3 और ग्रेड 4 में कई शिक्षकों को प्रोन्नति दी जा चुकी है, लेकिन वर्तमान में लंबित मामलों ने शिक्षक वर्ग को निराश किया है।
मास्टर सूची में हजारों शिक्षकों के नाम, लेकिन आशाएं टूटी
हाल ही में जारी मास्टर सूची में विज्ञान विषय के 203, भाषा विषय के 364 और सामाजिक विज्ञान के 1132 शिक्षकों के नाम शामिल हैं। इसके बावजूद, इस सूची ने शिक्षकों की आशाओं को झटका दिया है क्योंकि उन्हें अब भी प्रोन्नति का अधिकार नहीं मिला है। संघ इस सूची को शिक्षकों के सपनों पर कुठाराघात बताते हुए इसका कड़ा विरोध कर रहा है।
निष्कर्ष
इस प्रकार, रांची जिले में स्नातक प्रशिक्षित शिक्षकों की ग्रेड 4 में प्रोन्नति प्रक्रिया अभी भी अटकी हुई है। जिला प्रशासन की अनिश्चितता और प्रोन्नति में हो रही देरी ने शिक्षक समुदाय में गहरा असंतोष और आक्रोश पैदा कर दिया है। जल्द से जल्द इस मुद्दे का समाधान होना आवश्यक है ताकि शिक्षकों के हक़ों की रक्षा हो सके और वे अपने काम में पूरी तत्परता के साथ योगदान दे सकें।
