रांची, 26 नवंबर- झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दुबे ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी द्वारा अवैध कोयला कारोबार को लेकर लगाए गए आरोपों को झूठ, मनगढ़ंत और राजनीतिक साज़िश बताया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के पास अब कोई ठोस मुद्दा नहीं बचा है, इसलिए ध्यान आकर्षित करने के लिए बेबुनियाद बयान दिये जा रहे हैं।
बाबूलाल मरांडी के आरोपों को बताया बेबुनियाद
आलोक कुमार दुबे ने कहा कि यदि मरांडी के पास अवैध खनन के ठोस सबूत हैं तो उन्हें अदालत या जांच एजेंसी के सामने पेश करना चाहिए।
उन्होंने कहा, “सिर्फ प्रेसवार्ता कर झूठ फैलाने से भाजपा की खोखली राजनीति उजागर हो रही है।”
“हाउस से परमिशन, अफसरों की भागीदारी” मरांडी के आरोप से राजनीति गरमाई.
“झारखंड में कानून-व्यवस्था मजबूत”
दुबे ने दावा किया कि झारखंड में वर्तमान सरकार के दौरान कानून-व्यवस्था बेहतर हुई है और अवैध खनन पर लगातार कार्रवाई हो रही है।
उन्होंने कहा कि पिछले पाँच वर्षों की तुलना में वर्तमान शासनकाल में रिकॉर्ड कार्रवाई हुई है।
भाजपा पर लगाया बड़े पैमाने पर अवैध खनन संरक्षण का आरोप
आलोक दुबे ने आरोप लगाया कि भाजपा का अवैध खनन और कोल माफिया से “पुराना रिश्ता” रहा है।
उन्होंने कहा,
“सबसे ज्यादा अवैध खनन और कोल माफियाओं का संरक्षण भाजपा सरकारों में हुआ है।”
सरकार का फोकस—विकास, जनकल्याण और पारदर्शिता
कांग्रेस नेता ने कहा कि गठबंधन सरकार सामाजिक सुरक्षा, रोजगार, विकास योजनाओं और जनकल्याण पर तेजी से काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के कारण अवैध खनन पर अंकुश लगा है, जबकि भाजपा बिना साक्ष्य के आरोप लगाकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रही है।
“नेता प्रतिपक्ष अपनी जिम्मेदारी निभाएं”
दुबे ने मरांडी को सलाह देते हुए कहा कि उन्हें अफवाह फैलाने के बजाय राज्य के लिए सकारात्मक योगदान देना चाहिए।
कांग्रेस की मांग
उन्होंने कहा कि यदि भाजपा अपने दावों को लेकर वास्तव में गंभीर है तो वह सबूतों के साथ मामले को जांच एजेंसी के सुपुर्द करे।
अन्यथा यह माना जाएगा कि यह बयान केवल राजनीतिक स्टंट और जनता को भ्रमित करने की कोशिश है।
