वित रहित शिक्षा मोर्चा ने JAC अध्यक्ष से की 12 सूत्री मांगों पर चर्चा.

झारखंड/बिहार रोज़गार समाचार

प्रमुख बिंदु:

  1. वित रहित शिक्षा संयुक्त संघर्ष मोर्चा के 16 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने JAC अध्यक्ष डॉ. नटवा हंसदा से भेंट कर 12 सूत्री मांगों का ज्ञापन दिया।

  2. प्रमुख मांगों में शासी निकाय गठन, लंबित स्वीकृतियों का निष्पादन, सेवा शर्त नियमावली, परीक्षा नियमों का पालन, पारिश्रमिक और सीट वृद्धि शामिल हैं।

  3. JAC अध्यक्ष ने सभी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई का आश्वासन दिया और आवश्यकतानुसार फिर से बैठक बुलाने को कहा।

  4. सेवा शर्त नियमावली और परीक्षा नियमावली के कार्य प्रगति पर हैं, और सीट निर्धारण अधिनियम के अनुसार किया जाएगा।

  5. मोर्चा ने बैठक को सौहार्दपूर्ण और सफल बताया और समस्या समाधान के लिए आश्वस्ति जताई।



जैक अध्यक्ष से वित रहित शिक्षा संयुक्त संघर्ष मोर्चा के 16 सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल की भेंट

रांची। वित रहित शिक्षा संयुक्त संघर्ष मोर्चा के 16 सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल ने आज पूर्व से निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार झारखंड अकादमिक काउंसिल (JAC) के अध्यक्ष डॉ. नटवा हंसदा से मुलाकात की। सभागार में मोर्चा के प्रतिनिधियों का बुके, माला और अंग वस्त्र से भव्य स्वागत किया गया।

12-point memorandum demands
वित रहित शिक्षा संयुक्त संघर्ष मोर्चा

मोर्चा ने अपनी 12 सूत्री मांगों पर विस्तृत चर्चा की

स्वागत के बाद मोर्चा के चार घटकों के प्रतिनिधियों ने अपनी-अपनी समस्याओं को विस्तार से बैठक में रखा। इस दौरान मोर्चा ने अपने 12 सूत्री मांगों से संबंधित ज्ञापन भी JAC अध्यक्ष को सौंपा। जिन मांगों में मुख्य रूप से शामिल थे:

  • शासी निकाय का गठन

  • लंबित स्वीकृतियों का शीघ्र निष्पादन

  • परिषद प्रतिनिधि के मनोनयन की प्रक्रिया

  • सेवा शर्त नियमावली का निर्माण

  • कॉलेज और स्कूलों की स्थापना को ऑनलाइन प्रक्रिया से जोड़ना

  • परीक्षा में नियमों के अनुसार कार्य सुनिश्चित करना

  • पारिश्रमिक वृद्धि

  • सीट वृद्धि सहित अन्य महत्वपूर्ण मुद्दे

Service condition rules formulation
सेवा शर्त नियमावली और परीक्षा नियमों पर कार्य प्रगति में

अध्यक्ष ने जताया सकारात्मक दृष्टिकोण, शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया

वार्ता में JAC अध्यक्ष डॉ. नटवा हंसदा के साथ सचिव जयंत मिश्रा, IT प्रभारी कुणाल प्रताप सिंह एवं अन्य पदाधिकारी भी मौजूद थे। अध्यक्ष ने बताया कि परीक्षा की व्यस्तता के कारण वे पहले सीधे संवाद नहीं कर पाए थे। उन्होंने कहा कि अब मोर्चा की सभी मांगे एक-एक कर समीक्षा कर शीघ्र निष्पादन किया जाएगा। सेवा शर्त नियमावली पर काम प्रगति पर है। परीक्षा के नियमों के अनुसार नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाएगा। साथ ही शासी निकाय के गठन और अन्य मांगों पर आवश्यक समीक्षा कर उचित निर्णय लिया जाएगा। जरूरत पड़ी तो मोर्चा के प्रतिनिधियों को पुनः बैठक के लिए बुलाया जाएगा।

मोर्चा ने बैठक को सौहार्दपूर्ण और सफल बताया

मोर्चा के प्रतिनिधियों ने अध्यक्ष का भव्य स्वागत किया और बैठक को सौहार्दपूर्ण और सकारात्मक माना। उन्होंने कहा कि वर्तमान अध्यक्ष लंबित मांगों जैसे सेवा शर्त नियमावली, संस्कृत मदरसा नियमावली आदि पर सकारात्मक निर्णय लेंगे। बैठक में हुए संवाद से मोर्चा संतुष्ट है और उम्मीद जताई है कि जल्द ही समस्याओं का समाधान होगा।

Increase in college and school seats
सौहार्दपूर्ण वार्ता के बाद समस्या समाधान की उम्मीद बढ़ी

इंटरमीडिएट कॉलेज में सीट निर्धारण पर भी मिला आश्वासन

अध्यक्ष ने इंटरमीडिएट कॉलेजों में सीट निर्धारण को अधिनियम के अनुसार करने का आश्वासन दिया और कहा कि जल्द ही सीट वृद्धि के संबंध में भी निर्णय लिया जाएगा।

बैठक की जानकारी प्रेस को दी गई

बैठक के बाद हुई वार्ता की जानकारी मोर्चा के मनीष कुमार, अरविंद सिंह और गणेश महतो ने मीडिया को दी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *