झारखंड चैम्बर की बैठक में निर्यात ढांचे को सुदृढ़ करने पर जोर.

झारखंड/बिहार

झारखंड चैम्बर की बैठक संपन्न: निर्यात को बढ़ावा देने के लिए हवाई कार्गो से लेकर तकनीकी उन्नयन तक पर जोर

मुख्य बिंदु

  • झारखंड चैम्बर ने निर्यात ढांचे में सुधार को लेकर बैठक की

  • गोदाम, कोल्ड स्टोरेज, और कंटेनर डिपो पर ज़ोर

  • MSME और पारंपरिक क्षेत्रों में तकनीकी उन्नयन की मांग

  • हवाई कार्गो सेवा को प्राथमिकता देने की सिफारिश

  • आयात-निर्यात एक्सपो आयोजन की बात कही गई



निर्यात ढांचे को मजबूत करने की रणनीति पर चर्चा

झारखंड चैम्बर ऑफ कॉमर्स की इम्पोर्ट-एक्सपोर्ट उप समिति की महत्वपूर्ण बैठक चैम्बर भवन में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उप समिति के चेयरमैन सुरेश अग्रवाल ने की। इस दौरान राज्य के औद्योगिक क्लस्टरों से निर्यात बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने के उपायों पर विस्तृत चर्चा हुई।

बैठक में विशेष रूप से गोदाम, अंतर्देशीय कंटेनर डिपो (ICD), कोल्ड स्टोरेज, और रेल–रोड कनेक्टिविटी को बेहतर करने की जरूरत पर बल दिया गया। सदस्यों ने सुझाव दिया कि दूरस्थ पश्चिमी और दक्षिणी भारत के उन बंदरगाहों का उपयोग किया जाए जहां कुछ देशों के साथ विशेष कनेक्टिविटी है और प्रतिष्ठित सेवा प्रदाताओं की सेवाएं मिल सकें।

MSME और पारंपरिक क्षेत्रों पर ज़ोर

बैठक में यह भी कहा गया कि खनिज आधारित उत्पादों, हस्तशिल्प, हथकरघा, कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य जैसे पारंपरिक निर्यात क्षेत्रों में तकनीकी और कौशल उन्नयन की जरूरत है। इससे इन उत्पादों की गुणवत्ता, मूल्य संवर्धन और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में स्थिति बेहतर की जा सकेगी।

विशेषकर MSME सेक्टर की चर्चा करते हुए सुरेश अग्रवाल ने कहा कि यह क्षेत्र निर्यात में जबरदस्त संभावनाएं रखता है। ऐसे उद्योगों को विशेष सहायता प्रदान करने की आवश्यकता है ताकि वे निर्यात को नया आयाम दे सकें।

हवाई कार्गो को मिले प्राथमिकता

सुरेश अग्रवाल ने झारखंड की जलवायु और भौगोलिक स्थिति को देखते हुए ताजे फूलों, सब्जियों और फलों के निर्यात की संभावनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि ऐसे उत्पादों के लिए हवाई कार्गो सेवा को प्राथमिकता के साथ विकसित किया जाना चाहिए। इससे न केवल मौजूदा निर्यात को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि नए बाजारों तक झारखंड के उत्पाद पहुँच सकेंगे।

आयात-निर्यात एक्सपो की सिफारिश

बैठक में यह भी प्रस्ताव रखा गया कि राज्य सरकार को समय-समय पर निर्यातकों के साथ मिलकर अंतरराष्ट्रीय आयात-निर्यात एक्सपो आयोजित करना चाहिए। इससे न केवल नेटवर्किंग बढ़ेगी, बल्कि झारखंड के उद्योगों को वैश्विक बाजारों से जोड़ने का अवसर भी मिलेगा।

बैठक में प्रमुख सदस्य रहे मौजूद

बैठक में झारखंड चैम्बर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष परेश गट्टानी, उपाध्यक्ष ज्योति कुमारी, महासचिव आदित्य मल्होत्रा, कार्यकारिणी सदस्य मुकेश अग्रवाल, उप समिति चेयरमैन सुरेश अग्रवाल सहित उप समिति के सदस्य विवेक सिंघानिया, अरुण भर्तिया, आलोक कुमार, गौतम शाही, जयंत सिंघानिया और अन्य सदस्य उपस्थित रहे।

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