मुख्य बिंदु-
• कोर्ट-कचहरी के नाम पर QR कोड से चंदा वसूली का आरोप
• गरीब और नौजवान बच्चों से चंदा लेने की शिकायत
• करोड़ों रुपये जुटाने की आशंका
• अगली बार बहलाने-फुसलाने वालों पर सीधे जेल की कार्रवाई
• CGL सफल अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम में दिया संदेश
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रांची- झारखंड में परीक्षा और भर्ती प्रक्रिया के बीच चौंकाने वाला मामला सामने आया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया पर एक सख्त संदेश साझा करते हुए कहा कि कुछ लोग कोर्ट-कचहरी के नाम पर QR कोड के जरिए चंदा इकट्ठा कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने इसे एक गंभीर षड्यंत्र बताते हुए कहा कि ऐसा पहली बार सुनने को मिला है, लेकिन अब आगे ऐसा नहीं होने दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि नौजवानों, गरीब और जरूरतमंद बच्चों से चंदा लिया गया। उन्हें जानकारी मिली है कि इस तरीके से करोड़ों रुपये तक की वसूली की गई है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगली बार जो भी इस तरह बहलाने-फुसलाने का काम करेगा, उसे सीधे जेल भेजा जाएगा।
उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे लोग तकनीक का दुरुपयोग कर खुद को कानून से एक कदम आगे समझते हैं, लेकिन अंततः पकड़े जाते हैं। मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि झारखंड में परीक्षा हो रही है और पेपर लीक की अफवाहें नेपाल तक से उठाई जा रही हैं, जो बेहद गंभीर और चिंताजनक है।
यह बयान उस मौके पर सामने आया जब राज्य में CGL परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे जा रहे थे। मुख्यमंत्री ने युवाओं को भरोसा दिलाया कि सरकार उनके भविष्य और मेहनत के साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेगी और साजिश रचने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
