मुख्यमंत्री के यूरोप दौरे पर भाजपा का हमला: प्रतुल शाहदेव बोले– यह सैर-सपाटे और फोटोशूट का मिशन है
🔹 मुख्य बिंदु:
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प्रतुल शाहदेव ने हेमंत सोरेन के स्पेन-स्वीडन दौरे को बताया “पर्यटन यात्रा”
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कहा– करदाताओं के पैसे की बर्बादी है यह विदेश दौरा
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कृषि व खनन क्षेत्र की तुलना में यूरोपीय देशों को बताया अप्रासंगिक
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औद्योगिक दौरे में उद्योग मंत्री की अनुपस्थिति पर उठाए सवाल
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बोले– मुख्यमंत्री सिर्फ फोटो खिंचवाकर लौटेंगे
भाजपा का तीखा हमला: मुख्यमंत्री का यूरोप दौरा “सैर-सपाटा और फोटोशूट”
झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के स्वीडन और स्पेन दौरे को लेकर भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने तीखा प्रहार किया है। उन्होंने पूरे दौरे को ‘पर्यटन यात्रा’ और ‘फोटोशूट मिशन’ बताया। प्रतुल ने कहा कि यह जनता के पैसों का गलत इस्तेमाल है, जिसमें राज्य के विकास से अधिक निजी प्रचार पर जोर दिया जा रहा है।

कृषि और खनन में झारखंड आगे, फिर इन देशों से क्या सीखना?
प्रतुल ने तर्क दिया कि झारखंड की अर्थव्यवस्था खनन और कृषि पर आधारित है, जबकि स्पेन और स्वीडन में कृषि जीडीपी का बहुत छोटा हिस्सा है—स्वीडन में 1.7% और स्पेन में 2.5%। उन्होंने कहा कि भारत और झारखंड इस क्षेत्र में इन देशों से कहीं आगे हैं, ऐसे में इनसे तकनीकी या निवेश की अपेक्षा बेमानी है।

खनन तकनीक में भारत आगे, स्वीडन और स्पेन का कोई इतिहास नहीं
प्रतुल का कहना है कि झारखंड की खनन तकनीक और संसाधन इन देशों से अधिक उन्नत हैं। स्पेन और स्वीडन में खनन का कोई बड़ा इतिहास नहीं रहा है, इसलिए वहां से किसी बड़े तकनीकी सहयोग या निवेश की उम्मीद करना व्यर्थ है।
स्पेन-स्वीडन की आर्थिक चुनौतियां और बेरोजगारी का हवाला
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि स्वीडन और स्पेन दोनों ही आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं। स्पेन में युवाओं की बेरोजगारी दर 28.4% और स्वीडन में 23.8% है। इन देशों में हजारों औद्योगिक इकाइयां बंद हो रही हैं, ऐसे में ये देश खुद आर्थिक चुनौतियों से जूझ रहे हैं, न कि निवेश के लिए तैयार हैं।
औद्योगिक दौरा बिना उद्योग मंत्री: भाजपा ने बताया ‘बिन दूल्हे की बारात’
प्रतुल ने सवाल उठाया कि यदि यह दौरा औद्योगिक निवेश को ध्यान में रखकर किया जा रहा है, तो झारखंड के उद्योग मंत्री को क्यों नहीं शामिल किया गया? उन्होंने कटाक्ष किया कि यह तो वैसा ही है जैसे दूल्हे के बिना बारात निकल गई हो।
स्वीडन में बोफोर्स के मुख्यालय पर तंज
भाजपा नेता ने कटाक्ष करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री को स्वीडन के स्टॉकहोम में स्थित बोफोर्स के मुख्यालय का भी दौरा करना चाहिए, जहां कभी कांग्रेस के सहयोग से देश का सबसे बड़ा रक्षा घोटाला हुआ था। उन्होंने इसे भ्रष्टाचार की ‘शिक्षा यात्रा’ बताया।
दौरे की असलियत: फोटो खिंचवा कर लौटेंगे, निवेश का नाटक होगा
प्रतुल ने कहा कि मुख्यमंत्री और उनकी टीम इस दौरे में सिर्फ स्थानीय कंपनियों के प्रतिनिधियों से मिलकर फोटो खिंचवाएंगे। हो सकता है कुछ दिखावटी MoU पर हस्ताक्षर हो, लेकिन वास्तव में राज्य को कोई ठोस लाभ नहीं मिलेगा। यह सब कुछ जल्द ही भुला दिया जाएगा, लेकिन सैर-सपाटे का उद्देश्य पूरा हो जाएगा।
