चतरा में अपहृत मुंशी धर्मेंद्र गुप्ता सकुशल बरामद, 4 अपराधी गिरफ्तार, ₹9.05 लाख नकद व हथियार बरामद
मुख्य बिंदु:
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31 मई की रात द्वारी गांव में हुआ था मुंशी का अपहरण
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SIT ने 48 घंटे में किया अपहरण कांड का खुलासा
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₹9.05 लाख नकद, हथियार, बाइक, मोबाइल समेत लूटा गया सामान बरामद
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चार अपराधी गिरफ्तार, दो पर दर्ज हैं हत्या व अपहरण के मामले
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एसपी ने व्यवसायियों से रंगदारी मामलों में तुरंत सूचना देने की अपील की
48 घंटे में SIT ने सुलझाया अपहरण का रहस्य
चतरा जिले के गिद्धौर थाना क्षेत्र के द्वारी गांव में बलबल नदी पर निर्माणाधीन पुल के कार्यस्थल से अपहृत मुंशी धर्मेंद्र गुप्ता को पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है। पुलिस अधीक्षक सुमित अग्रवाल के निर्देश पर गठित विशेष अनुसंधान दल (SIT) ने इस कांड का मात्र 48 घंटे में खुलासा करते हुए चार अपराधियों को गिरफ्तार किया है।
31 मई की रात मजदूरों के साथ मारपीट, फिर अपहरण
यह घटना 31 मई की रात की है जब अज्ञात अपराधियों ने निर्माण स्थल पर काम कर रहे मजदूरों के साथ मारपीट करते हुए मुंशी का अपहरण कर लिया था। अपहरण के दौरान अपराधियों ने मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन और सीसीटीवी डीवीआर भी लूट लिया था।
गिरफ्तार अपराधियों के पास से भारी मात्रा में सामान बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार किए गए अपराधियों के पास से ₹9.05 लाख नकद, एक देशी कट्टा, दो कारतूस, तीन बाइक, आठ मोबाइल फोन, योजना संबंधी डायरी और लूटा गया सामान भी बरामद किया है। पुलिस की इस तेजी और सूझबूझ से यह मामला बेहद कम समय में सुलझाया जा सका।
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गिरफ्तार अपराधी कुख्यात, कई जिलों में दर्ज हैं गंभीर मामले
गिरफ्तार किए गए अपराधियों में रामेश्वर कमार उर्फ रमाकांत, दीपक यादव, राजन यादव उर्फ टार्जन और सुभान अंसारी शामिल हैं। इनमें से दो अपराधियों पर हत्या, लूट, अपहरण और आर्म्स एक्ट समेत कई गंभीर आपराधिक मामलों में अन्य जिलों में प्राथमिकी दर्ज है।
एसपी ने दी जानकारी, व्यवसायियों से की अपील
पुलिस अधीक्षक सुमित अग्रवाल ने रविवार देर शाम समाहरणालय में प्रेस वार्ता कर इस कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि चतरा पुलिस अपराध के खिलाफ कठोर रवैया अपनाए हुए है और फरार अपराधियों की तलाश में छापेमारी जारी है।
उन्होंने सभी व्यवसायियों और ठेकेदारों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की धमकी या रंगदारी की शिकायत मिलने पर तुरंत पुलिस से संपर्क करें।
कार्रवाई में शामिल रहे ये अधिकारी
इस पूरे अभियान में SIT के साथ-साथ डीएसपी वसीम रजा, इंस्पेक्टर अनिल उरांव, थाना प्रभारी कुमार गौतम, अनुसंधानकर्ता अशोक पांडेय और तकनीकी शाखा की टीम की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
